तुम सफ़र में अगर साथ हो
तब जिंदगी में कुछ बात हो
हॅ॑सते हॅ॑सते कट जाएंगे रास्ते
चाहे ऑ॑धियों से मुलाकात हो
जरूरत ही क्या मुझे दुनिया की
जहाॅ॑ पल पल की आघात हो
ख्वाबों में सजाया हूॅ॑ तुम्हें हर पल
जब चाहे दिन हो या रात हो
डर है राज सफ़र तनहा ना हो जाय
चलोगे सफ़र में तो कुछ बात हो
---राजकपूर राजपूत''राज''
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